रानीवाड़ा विधायक नारायण सिंह देवल ने मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना का लाभ जोधपुर एम्स के मरीजों को भी दिलाने की मांग रखी।
हितेंद्र जोशी बौद्धिक भारत समाचार
रानीवाड़ा विधायक नारायण सिंह देवल ने मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना का लाभ जोधपुर एम्स के मरीजों को भी दिलाने की मांग रखी। 15वीं विधानसभा के आठवें सत्र के दूसरे दिन विधायक ने विशेष उल्लेख प्रस्ताव के माध्यम से अपनी ये मांग रखी। देवल ने अपने प्रस्ताव में कहा कि राजस्थान सरकार द्वारा चलाई जा रही मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत योजना से जुडे सभी अस्पतालों में ओपीडी और आईपीडी मरीजों को लाभ मिलता है। लेकिन इस योजना का लाभ अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान यानि एम्स जोधपुर में दूसरे अस्पतालों के मुकाबले कम या फिर सीमित मात्रा में ही मिलता है। जबकि पश्चिमी राजस्थान के जिले जोधपुर, जालोर, बाड़मेर, सिरोही, पाली, जैसलमेर सहित आस-पास के अन्य जिलों के गंभीर मरीज बेहतर इलाज के लिए यहां आते हैं। चिरंजीवी योजना बीमा धारक ओपीडी मरीजों की योजना से जुड़े अस्पतालों में सभी प्रकार की छोटी-बड़ी जांच निशुल्क की जाती हैं। जबकि एम्स जोधपुर में सभी जांच अपने खुद के खर्चे से करवानी पड़ती हैं। कुछ जांच जैसे सीटी स्कैन आदि जो बहुत महंगी होती हैं वो आम आदमी की पहुंच से बाहर हैं। इसी प्रकार ओपीडी मरीजों को जोधपुर एम्स में सभी दवाईयां खुद के पैसों से खरीदनी पड़ती हैं। एआईआईआईएमएसजे जोधपुर में चिरंजीवी योजना का लाभ केवल आईपीडी मरीजों को भर्ती के दौरान ही मिलता है। जबकि मरीज को डिस्चार्ज के दौरान डॉक्टर के द्वारा लिखी हुई दवाईयां अपने खुद के पैसों से खरीदनी पड़ती हैं। जो गरीब जनता की पहुंच से बहुत बाहर होती हैं।
उन्होंने चिकित्सा मंत्री से निवेदन किया की चिरंजीवी बीमा योजना से जुड़े अन्य अस्पतालों की तरह इस योजना के तहत मिलने वाले सभी लाभ एम्स जोधपुर में ओपीडी और आईपीडी मरीजों को समान रूप से दिलवाए जाए और पश्चिमी राजस्थान के लोगों को राहत प्रदान की जाए।