राव मुकेशपाल सिंह बौद्धिक भारत पिंडवाड़ा
पिंडवाड़ा निकटवर्ती गांव बसंतगढ़ चवरली नदी किनारे स्थित अतिप्राचीन माँ अंबे मंदिर का 43 वा वार्षिक उत्सव श्रद्धालुओं द्वारा धूमधाम से मनाया गया। वही जानकारी अनुसार हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी बसंतगढ़ चवरली नदी किनारे स्थित मां अंबे के मंदिर को आकर्षण रोशनी से सजाया गया तथा शाम को भजन संध्या का आयोजन हुआ जिसमें कलाकारों ने एक से बढ़कर एक भजनो की प्रस्तुत दी। कार्यक्रम में अम्बे माता मंदिर महंत किशनदास महाराज बसंतगढ़ के सानिध्य में महाप्रसादी के लाभार्थी स्वरूप सिंह राव बसंतगढ़ व अमर ध्वजा के लाभार्थी कपूरचंद मुपाराम जी लोहार परिवार हॉल कोजरा द्वारा ध्वजा चढ़ाई गई। इस दरमियान पूजा अर्चना के साथ महाआरती एवं बालभोग प्रसादी में हजारो श्रद्धालुओं ने महाप्रसादी का लाभ लिया तथा वार्षिकोत्सव कार्यक्रम हर्षोल्लासपूर्वक संपन्न हुआ। इस मौके पर ट्रस्ट मंडल के व्यवस्थापक राव स्वरूपसिंह बसंतगढ़ हुकुम सिंह देवड़ा किशन सिंह राव बसंतगढ़ त्रिलोचन सिंह चवरली देवी सिंह देवड़ा कने सिंह देवडा भवानी सिंह राव हिम्मत सिंह राव (तहसीलदार) इन्द्र सिंह देवडा यशपाल सिंह कुलदीप सिंह भंवर सिंह जीवन सिंह जयपाल सिंह गोविंद सिंह कृष्ण पाल सिंह हरजी राम देवासी चवरली रामाराम देवासी सवाराम देवासी नारायण लाल लोहार अमु सिंह सिंह राव अमर सिंह भवँर सिंह राव भंवरसिंह देवड़ा देवीसिंह रूपगिरी, हीराराम देवासी, जोगाराम, फुलाराम कालू राम गरासिया विजय सिंह मोहन सिंह गोविंद सिंह बसंतगढ़ चवरली कोजरा खारा अजारी नांदिया पिंडवाड़ा सहित कई गांवों के भक्तों ने भाग लिया।
