राव मुकेशपाल सिंह बौद्धिक भारत पिंडवाड़ा
कहते हैं अगर व्यक्ति सच्चे मन से ठान लें तो कुछ भी मुश्किल नहीं है क्योंकि तब आप नहीं आपके हौसले बोलते हैं। जी हां और ये सच कर दिखाया है सिरोही जिले के एक छोटे से गांव बसंतगढ़ से SI बनने वाले ये तीन युवा एक ही घर से हैं कहते हैं कि पंखों से ही नहीं, हौसलों से भी उड़ान होती है और गर हौसला है तो आप बड़े से बड़ा मुकाम भी हासिल कर सकते हैं. कुछ ऐसा ही कर दिखाया है पिंडवाड़ा उपखण्ड के एक छोटे से गांव बसंतगढ़ के तीन युवाओं ने.एक ही परिवार के तीन युवा जब एक साथ SI बने, तो किसी को यकीन नहीं हुआ. जिसे यकीन हुआ वह खुशी के मारे उछल पड़ा. इनमें दो भाई महेंद्र कुमार व देवेंद्र कुमार है इनके पिता रूपाराम पिण्डवाड़ा में ही आर आई है. जबकि मीठालाल के पिता लखमाराम खेती बाड़ी का कार्य करते है जिनके बेटे ने भी SI बनने में सफलता पाई है. व तीनो युवा बसंतगढ़ गांव के निवासी हैं