दांतराई- समीपवर्ती जीरावला के पार्श्वनाथ महातीर्थ में शनिवार को गच्छाधिपति राजेश्वर सूरिश्वर महाराज व मरूधर रत्न आचार्य देव रत्ठनाकर सुरिश्वर महाराज के पावन निश्रा मे उपधान तप के उपलक्ष में भव्य मालारोपण उत्सव प्रसंग को लेकर जीरावला तीर्थ में शनिवार को भव्य वरघोड़े का आयोजन हुआ। वरघोडा जीरावला तीर्थ से प्रस्थान हुआ जो गांव के मुख्य मार्ग माध्यमिक विद्यालय, मुख्य रोड, मुख्य बस स्टैंड से होता हुआ पुनः जीरावला तीर्थ परिसर में पहुंचा। वरघोडा कार्यक्रम के दौरान आचार्य भगवंतो एवं अनेक साधु- साध्वी भगवतों के साथ उपधान तप के आराधक सहित हजारों की संख्या में श्रावक श्राविका ने भाग लिया।
वरघोडा में पाँच हाथी, चांदी के रथ, घोड़े, ऊंट एवं दर्जनों गाडी के रथ एवं बैंड बाजे की धुन के साथ नाचते गाते हुए श्रावक श्राविका तथा भगवान के जयकारे लगाते हुए वरधोडे में आगे बढ़ रहे थे। साथ ही वरघोड़ो में अलग-अलग वेशभूषा में नृत्य करते हुए नृत्य कलाकार लोगो के लिए आकर्षण का केंद्र बने हुए थे। वरघोडा के दौरान चढ़ावे के लाभार्थियों की ओर से जीरावला मंदिर तीर्थ के ऊपर हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा भी की गई। जीरावला ट्रस्ट के सचिव प्रकाशभाई के संघवी सिरोडी ने बताया कि गुरु भगवंतओ की पावन निश्रा में 29 जनवरी से उपधान तप का आयोजन जीरावाला पार्श्वनाथ मंदिर परिसर में चल रहा है जो 50 दिन रविवार को पूर्ण होगे। इस महोत्सव के दौरान करीब 621 आराधक उपधान तप की आराधना कर है। यह भव्य आयोजन रूपादेवी पुखराज छगनलाल, भूराजी वेद मुथा झाबनगर परिवार की ओर से आयोजन किया जा रहा है। दोपहर में प्रवचन सभा भवन में धर्म सभा का आयोजन हुआ। जिसमें जीरावला ट्रस्ट की ओर से आयोजक परिवार का एवं आचार्य गुरु भगवंतओं का भव्य बहूमान किया गया। इस महोत्सव को लेकर राजस्थान गुजरात महाराष्ट्र कर्नाटक सहित अन्य प्रांतों से सैकड़ों की तादाद में लोग जीरावला तीर्थ पहुंचे हैं तथा जीरावला तीर्थ मैं श्रावक श्राविकाए मंदिर में पूजा अर्चना कर प्रभु भक्ति में लीन है। इस दौरान तीर्थ के अध्यक्ष रमणभाई मुथा जैन,उपाध्यक्ष संघवी रमेशभाई मुथा, पोपटभाई जैन किशोरभाई गांधी, जयंतीभाई जैन, चम्पालाल जैन, भुरमल चौवटीया, सुरेश मेहता, ट्रस्ट के व्यवस्थापक आकाशभाई शाह सहित कई ट्रस्टीगण उपस्थित थे।